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रक्षा निर्यात एक दशक में ₹686 करोड़ से रिकॉर्ड ₹23,622 करोड़ तक पहुंचा

अप्रैल 2013मार्च 2025

पहले बनाम अभी

वार्षिक रक्षा निर्यात

2013-14

₹686 करोड़

2024-25 (रिकॉर्ड)

₹23,622 करोड़

एक दशक पहले जो देश मुश्किल से कोई रक्षा उपकरण निर्यात करता था, वह अब 80 से ज़्यादा देशों को बेचता है।

मामूली से रिकॉर्ड निर्यात तक

भारत का रक्षा निर्यात 2013-14 के सिर्फ़ ₹686 करोड़ से बढ़कर वित्त वर्ष 2024-25 में उस समय के रिकॉर्ड ₹23,622 करोड़ तक पहुंच गया — रक्षा मंत्रालय के अनुसार, यह सिर्फ़ पिछले साल से 12.04% ज़्यादा है। कुछ बाद की मीडिया रिपोर्टों में हाल के समय के लिए लगभग ₹38,424 करोड़ का और भी ज़्यादा आंकड़ा बताया गया है; दोनों आंकड़े एक ही दिशा दिखाते हैं — निर्यात अब 80 से ज़्यादा देशों तक पहुंच रहा है, जो एक दशक पहले लगभग नगण्य था।

यह बढ़त कौन ला रहा है

निजी क्षेत्र, जिसमें स्टार्टअप और सूक्ष्म-लघु-मध्यम उद्यम (MSME) शामिल हैं, अब बड़े सार्वजनिक क्षेत्र के रक्षा निर्माताओं के साथ मिलकर भारत के रक्षा निर्यात का 45.16% हिस्सा बनाते हैं।

दायरे पर एक टिप्पणी

यह एंट्री सिर्फ़ निर्यात और व्यापार के आंकड़ों को कवर करती है — किसी सैन्य नतीजे या विशेष संघर्ष को नहीं, जिसके लिए अलग से सावधानीपूर्वक सोर्स्ड जानकारी चाहिए और जो इस साइट पर शामिल नहीं है।

निर्यातरक्षाआत्मनिर्भर भारत

स्रोत

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आख़िरी बार सत्यापित: 14 सित॰ 2026

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